भारतीय मौसम विभाग ने देशभर के मौसम को लेकर ताजा चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि आने वाले दिनों में कई राज्यों में आंधी-तूफान और बारिश की गतिविधियां तेज हो सकती हैं। विभाग के अनुसार, इसकी मुख्य वजह दो सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ हैं, जो उत्तर-पश्चिम भारत में प्रवेश कर चुके हैं।
इन मौसम प्रणालियों के प्रभाव से वातावरण में नमी बढ़ेगी और तापमान में गिरावट के साथ तेज हवाएं, गरज-चमक और बारिश देखने को मिल सकती है। मौसम विभाग ने खासतौर पर अगले 48 घंटों के लिए उत्तर प्रदेश और बिहार समेत 13 राज्यों में हाई अलर्ट जारी किया है।
उत्तर भारत में ओले और तेज हवाओं का कहर
इन पश्चिमी विक्षोभों का सबसे अधिक असर उत्तर भारत के राज्यों जैसे पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और दिल्ली में देखने को मिलेगा। यहाँ तेज हवाओं की रफ्तार 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जिससे पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति बाधित होने का खतरा है।
उत्तर प्रदेश: IMD ने अगले 48 घंटों के लिए हाई अलर्ट जारी किया है। अलीगढ़, मथुरा, हाथरस, आगरा, फिरोजाबाद और इटावा जैसे जिलों में आंधी-बारिश के साथ ओलावृष्टि की प्रबल संभावना है।
दिल्ली-एनसीआर: यहां मंगलवार और बुधवार के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। 30 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी और दोपहर के समय हल्की बारिश के एक-दो स्पैल आ सकते हैं। दिल्ली का अधिकतम तापमान 31 डिग्री और न्यूनतम 20 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
उत्तराखंड: यहां के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। देहरादून, टिहरी, हरिद्वार और उत्तरकाशी में बारिश और ओले गिर सकते हैं, जबकि ऊंचे पहाड़ी इलाकों में हल्की बर्फबारी जारी है।
अप्रैल की शुरुआत में हो रही इस बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की धड़कनें बढ़ा दी हैं। IMD ने चेतावनी दी है कि ओलों से गेहूं और सरसों जैसी तैयार फसलों को भारी नुकसान हो सकता है। हालांकि, इस मौसमी बदलाव से आम लोगों को गर्मी से अस्थायी राहत जरूर मिलेगी। विभाग के अनुसार, अगले 5 दिनों तक उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत में दिन का तापमान सामान्य से कम बना रहेगा।
दक्षिण भारत की बात करें तो तमिलनाडु और पश्चिमी घाट के जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। विरुधुनगर और थेनी जैसे उच्च ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भारी बारिश हो सकती है। इसके विपरीत, चेन्नई और उत्तरी तमिलनाडु में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहेगा और तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है।
IMD ने आम लोगों को सलाह दी है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें और बिजली गिरने की संभावना को देखते हुए सुरक्षित स्थानों पर रहें।









