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SIR विवाद के बीच रायपुर में AAP का ज्ञापन, मतदाता सूची के ऑडिट की मांग

रायपुर। आम आदमी पार्टी (AAP) छत्तीसगढ़ ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) में कथित अनियमितताओं और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता को लेकर गुरुवार को रायपुर में ज्ञापन सौंपा। पार्टी ने राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन देकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और मामले की जांच कराने की मांग की।

पार्टी के नेताओं के अनुसार, प्रदेश की सभी विधानसभा क्षेत्रों में इस मुद्दे को लेकर ज्ञापन सौंपने का अभियान चलाया जा रहा है। AAP ने आरोप लगाया कि मतदाता सूचियों से बड़ी संख्या में पात्र मतदाताओं के नाम हटाए जाने से नागरिकों के मताधिकार और लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पार्टी ने निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए।

आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया कि विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया के तहत देशभर में लगभग 13 करोड़ 47 लाख वैध मतदाताओं के नाम हटाए जाने का मामला गंभीर है। पार्टी ने इन दावों की निष्पक्ष जांच कराने और मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं की जिम्मेदारी तय करने की मांग की।

AAP नेताओं ने वर्ष 2025 के दिल्ली विधानसभा चुनाव का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि उस दौरान भी पात्र मतदाताओं के नाम हटाए गए थे। पार्टी का दावा है कि उसने इस संबंध में निर्वाचन आयोग को सबूत सौंपे थे, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। ये आरोप आम आदमी पार्टी की ओर से लगाए गए हैं।

 मुख्य चुनाव आयुक्त पर कार्रवाई की मांग

ज्ञापन के माध्यम से पार्टी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, उनके खिलाफ कथित आपराधिक साजिश के आरोपों में प्राथमिकी दर्ज करने और गिरफ्तारी की मांग की। इसके साथ ही पार्टी ने SIR के तहत मतदाता सूची से हटाए गए नामों की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग रखी।

AAP ने पिछले दो वर्षों में चुनाव संपन्न हुए राज्यों में मतदाता सूची की समीक्षा और कथित रूप से हटाए गए नामों का ऑडिट कराने की भी मांग की। पार्टी का कहना है कि सभी पात्र नागरिकों के नाम मतदाता सूची में दोबारा शामिल किए जाने चाहिए।

 छत्तीसगढ़ की मतदाता सूची के पुनरीक्षण पर जोर

आम आदमी पार्टी ने छत्तीसगढ़ में भी मतदाता सूची से हटाए गए नामों की समीक्षा कराने की मांग उठाई। पार्टी ने राष्ट्रपति से आग्रह किया कि नागरिकों के मताधिकार और संविधान की रक्षा के लिए आवश्यक संवैधानिक कदम उठाए जाएं।

पार्टी नेताओं ने कहा कि स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव लोकतंत्र की बुनियाद हैं। मतदाता सूची में किसी भी प्रकार की अनियमितता की शिकायतों की पारदर्शी जांच होनी चाहिए, ताकि चुनाव प्रक्रिया पर जनता का विश्वास बना रहे।

ज्ञापन सौंपने में ये नेता रहे शामिल

राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपने के दौरान नंदन सिंह, मिहिर कुर्मी, नौशाद अली, आर.एस. ठाकुर, शिव शर्मा, पवन सक्सेना, सागर क्षीरसागर, मनीष मेश्राम, संजय गुप्ता, महेंद्र बिसेन, वीरेंद्र पवार, विकास दास मानिकपुरी, विजय देवांगन, नरेंद्र ठाकुर और बलवंत सिंह सहित आम आदमी पार्टी के अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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